विशाखापत्तनम में ₹31,387 करोड़ का ग्रीन AI डेटा सेंटर: आंध्र प्रदेश को मिलेगी नई डिजिटल पहचान
आंध्र प्रदेश सरकार ने विशाखापत्तनम जिले में 512 मेगावाट के ग्रीन इंटीग्रेटेड AI डेटा सेंटर की स्थापना को मंजूरी दी है। यह परियोजना एएम एआई फैक्ट्री (विजाग) प्राइवेट लिमिटेड द्वारा भीमनीपटनम मंडल के अमानम गांव में स्थापित की जाएगी। इसमें ₹31,387 करोड़ से अधिक का निवेश होगा और लगभग 1,000 प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होने की उम्मीद है। यह परियोजना AI, उच्च-प्रदर्शन कंप्यूटिंग, क्लाउड सेवाओं और टिकाऊ डिजिटल अवसंरचना को बढ़ावा देने के साथ राज्य में तकनीकी निवेश को मजबूत करेगी।
आंध्र प्रदेश सरकार ने विशाखापत्तनम जिले में 512 मेगावाट की ग्रीन इंटीग्रेटेड आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) डेटा सेंटर सुविधा स्थापित करने को मंजूरी दी है। इस परियोजना को राज्य में उन्नत डिजिटल और तकनीकी अवसंरचना विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
कंपनी और परियोजना का स्थान:
यह परियोजना एएम एआई फैक्ट्री (विजाग) प्राइवेट लिमिटेड द्वारा स्थापित की जाएगी। प्रस्तावित डेटा सेंटर विशाखापत्तनम जिले के भीमनीपटनम मंडल के अमानम गांव में स्थापित किया जाएगा।
विशाल निवेश और रोजगार सृजन:
इस परियोजना में ₹31,387 करोड़ से अधिक का निवेश प्रस्तावित है, जिससे यह आंध्र प्रदेश की प्रमुख तकनीकी अवसंरचना परियोजनाओं में शामिल हो गई है। परियोजना से लगभग 1,000 प्रत्यक्ष रोजगार अवसर सृजित होने की उम्मीद है, जबकि सहायक सेवाओं और अन्य गतिविधियों से अप्रत्यक्ष रोजगार भी बढ़ सकता है।
‘ग्रीन’ AI डेटा सेंटर का महत्व:
AI डेटा सेंटर बड़े पैमाने पर डेटा प्रोसेसिंग, उच्च-प्रदर्शन कंप्यूटिंग (HPC), क्लाउड सेवाओं और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित अनुप्रयोगों के लिए महत्वपूर्ण होते हैं। ‘ग्रीन’ डेटा सेंटर की अवधारणा ऊर्जा दक्षता, संसाधनों के बेहतर उपयोग और अपेक्षाकृत टिकाऊ डिजिटल अवसंरचना पर आधारित है।
परियोजना को सरकारी प्रोत्साहन:
आंध्र प्रदेश सरकार परियोजना को बढ़ावा देने के लिए बिजली अवसंरचना, जल आपूर्ति और अन्य आवश्यक सुविधाओं के संबंध में सहायता प्रदान करेगी। वित्तीय प्रोत्साहनों के अंतर्गत स्टांप शुल्क और बिजली शुल्क में छूट भी शामिल है।
UPSC के लिए महत्व:
यह परियोजना UPSC के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता, डिजिटल अर्थव्यवस्था, डेटा लोकलाइजेशन, डेटा सेंटर अवसंरचना, हरित प्रौद्योगिकी, राज्यों की निवेश नीति और रोजगार सृजन के संदर्भ में महत्वपूर्ण है। यह भारत में AI आधारित डिजिटल अवसंरचना के विस्तार तथा राज्यों के बीच उच्च-प्रौद्योगिकी निवेश आकर्षित करने की प्रतिस्पर्धा को भी दर्शाती है।
