झारखंड AI नीति 2026–31: AI-संचालित शासन, डिजिटल अर्थव्यवस्था और नवाचार आधारित विकास की दिशा में बड़ा कदम
झारखंड सरकार ने AI Policy 2026–31 का रोडमैप जारी किया है, जिसका उद्देश्य राज्य को AI-संचालित शासन, डिजिटल नवाचार और प्रौद्योगिकी निवेश का प्रमुख केंद्र बनाना है। नीति के तहत ₹1,150 करोड़ का सरकारी निवेश, ₹10,000 करोड़ से अधिक निजी निवेश आकर्षित करने, 50+ GCCs, 1,000 AI स्टार्टअप्स और 1 लाख से अधिक AI-आधारित रोजगार सृजित करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अंतर्गत CM-DIP, HNVS और CMAS जैसे AI-आधारित प्लेटफॉर्म विकसित कर शासन, स्वास्थ्य, पोषण और खनिज प्रबंधन को अधिक प्रभावी बनाया जाएगा। यह पहल Digital India, AI-आधारित सुशासन, कौशल विकास और नवाचार आधारित अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
झारखंड सरकार ने AI Policy 2026–31 का रोडमैप जारी किया है, जिसका उद्देश्य राज्य को AI-संचालित शासन (AI-driven Governance), डिजिटल नवाचार और प्रौद्योगिकी निवेश का अग्रणी केंद्र बनाना है। यह रोडमैप नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय हितधारक परामर्श 2026 के दौरान प्रस्तुत किया गया। नीति का लक्ष्य अगले पाँच वर्षों में शासन, उद्योग, शिक्षा और सार्वजनिक सेवाओं में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के व्यापक उपयोग को बढ़ावा देना है।
नीति के प्रमुख उद्देश्य एवं लक्ष्य
राज्य सरकार अगले पाँच वर्षों में ₹1,150 करोड़ का सार्वजनिक निवेश करेगी तथा ₹10,000 करोड़ से अधिक का निजी निवेश आकर्षित करने का लक्ष्य रखती है। नीति के अंतर्गत 50 से अधिक Global Capability Centres (GCCs) की स्थापना, 1,000 AI स्टार्टअप्स को प्रोत्साहन तथा 1 लाख से अधिक AI-सक्षम रोजगार सृजित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। साथ ही 100.97 एकड़ में रांची IT पार्क का विकास भी प्रस्तावित है।
AI-संचालित शासन
यह नीति सार्वजनिक प्रशासन में Artificial Intelligence, Predictive Analytics, Data-driven Decision Making तथा डिजिटल प्लेटफॉर्म के उपयोग को बढ़ावा देगी। सरकार का उद्देश्य सेवा वितरण को अधिक पारदर्शी, कुशल, जवाबदेह और नागरिक-केंद्रित बनाना है। यह पहल Digital India, Minimum Government–Maximum Governance तथा साक्ष्य-आधारित नीति निर्माण (Evidence-based Policymaking) के अनुरूप है।
प्रमुख संस्थागत एवं तकनीकी पहलें
नीति के अंतर्गत मुख्यमंत्री डेटा इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म (CM-DIP), Health & Nutrition Vigilance System (HNVS) तथा Critical Mineral Administration System (CMAS) जैसे AI-आधारित प्लेटफॉर्म विकसित किए जाएंगे। इनका उद्देश्य डेटा एकीकरण, स्वास्थ्य एवं पोषण निगरानी, खनिज संसाधनों के कुशल प्रबंधन तथा प्रशासनिक दक्षता में सुधार करना है। साथ ही AI अनुसंधान, कौशल विकास, स्टार्टअप नवाचार और उद्योग-सरकार साझेदारी को भी बढ़ावा दिया जाएगा।
UPSC Perspective
यह पहल GS Paper-II (E-Governance, Governance, Welfare Delivery) तथा GS Paper-III (Science & Technology, Artificial Intelligence, Digital Economy, Innovation) के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह विषय AI के नैतिक उपयोग (Ethical AI), डेटा सुरक्षा, डिजिटल अवसंरचना, कौशल विकास, स्टार्टअप इकोसिस्टम, रोजगार सृजन तथा तकनीकी आत्मनिर्भरता जैसे समसामयिक मुद्दों से भी जुड़ा हुआ है। साक्षात्कार में राज्यों की AI नीतियों और AI के शासन में उपयोग पर प्रश्न पूछे जा सकते हैं।
