उच्च शिक्षा में तमिलनाडु भारत में शीर्ष स्थान पर है (जीईआर)
AISHE 2023-24 के अनुसार, तमिलनाडु ने 52.3% सकल नामांकन अनुपात (GER) के साथ उच्च शिक्षा में देश में पहला स्थान प्राप्त किया है। यह राष्ट्रीय औसत 30% से काफी अधिक है। राज्य में लगातार तीसरे वर्ष महिलाओं का GER (53.1%) पुरुषों (51.6%) से अधिक रहा। 18–23 वर्ष आयु वर्ग के 35.8 लाख युवाओं ने उच्च शिक्षा में प्रवेश लिया। यह उपलब्धि तमिलनाडु में उच्च शिक्षा की बेहतर पहुँच, लैंगिक समावेशन और शैक्षणिक अवसंरचना की मजबूती को दर्शाती है।
केंद्र सरकार द्वारा जारी अखिल भारतीय उच्च शिक्षा सर्वेक्षण (AISHE) 2023-24 के अनुसार, तमिलनाडु ने 52.3% सकल नामांकन अनुपात (Gross Enrolment Ratio-GER) के साथ देश में पहला स्थान प्राप्त किया।
यह राष्ट्रीय औसत 30% से काफी अधिक है।
GER का अर्थ
सकल नामांकन अनुपात (GER) किसी शिक्षा स्तर पर नामांकित विद्यार्थियों की संख्या का उस स्तर के निर्धारित आयु वर्ग की कुल जनसंख्या के प्रतिशत के रूप में मापन करता है।
भारत में उच्च शिक्षा के लिए GER की गणना 18–23 वर्ष आयु वर्ग के आधार पर की जाती है।
तमिलनाडु का प्रदर्शन
राज्य का GER वर्ष 2021-22 में 47.0%, 2022-23 में 49.1% तथा 2023-24 में 52.3% रहा।
यह निरंतर वृद्धि राज्य में उच्च शिक्षा तक बेहतर पहुँच, संस्थागत विस्तार और छात्र भागीदारी को दर्शाती है।
लैंगिक विश्लेषण
वर्ष 2023-24 में तमिलनाडु में महिला GER 53.1% तथा पुरुष GER 51.6% दर्ज किया गया। लगातार तीसरे वर्ष महिलाओं का GER पुरुषों से अधिक रहा, जो उच्च शिक्षा में लैंगिक समानता और महिला सशक्तिकरण की सकारात्मक प्रवृत्ति को दर्शाता है।
अन्य प्रमुख तथ्य
राज्य के 68.4 लाख युवाओं (18–23 वर्ष) में से 35.8 लाख उच्च शिक्षा में नामांकित थे। साथ ही राज्य में 2,18,656 संकाय सदस्य कार्यरत हैं, जो भारत के कुल उच्च शिक्षा शिक्षकों का 12.6% हिस्सा हैं।
UPSC परीक्षा दृष्टि
UPSC के लिए AISHE (All India Survey on Higher Education), Gross Enrolment Ratio (GER), राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020), उच्च शिक्षा संकेतक, लैंगिक समानता, तथा मानव पूंजी विकास महत्वपूर्ण विषय हैं।
