Updated daily · Free for UPSC, SSC, Banking & Railway aspirants Take today's quiz →
CurrentAffairs
Advertisement
HomeDaily Current Affairs › तीस्ता बैराज के पुनरुद्धार के लिए उच्चस्तरीय समिति: जल सुरक्षा, जलवायु लचीलापन और भारत-बांग्लादेश संबंधों का संगम

तीस्ता बैराज के पुनरुद्धार के लिए उच्चस्तरीय समिति: जल सुरक्षा, जलवायु लचीलापन और भारत-बांग्लादेश संबंधों का संगम

Published 18 August 2026

भारत ने तीस्ता बैराज परियोजना (TBP) के पुनरुद्धार और प्रबंधन के लिए CWC अध्यक्ष की अध्यक्षता में 12 सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति गठित की है, जो जल उपलब्धता, मांग, बुनियादी ढांचे और नदी की क्षमता का आकलन करेगी। समिति जलवायु परिवर्तन, बाढ़, गाद जमाव, नदी प्रवाह और पारिस्थितिक संतुलन को ध्यान में रखते हुए Climate-Resilient एवं Integrated River Basin Management पर जोर देगी। तीस्ता सिक्किम से निकलकर पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश से होकर बहती है, इसलिए यह भारत-बांग्लादेश जल कूटनीति, कृषि, सिंचाई और बाढ़ प्रबंधन के लिए महत्वपूर्ण है। बांग्लादेश में तीस्ता प्रबंधन में चीन की बढ़ती रुचि के कारण यह मुद्दा जल सुरक्षा, राष्ट्रीय सुरक्षा और सिलीगुड़ी कॉरिडोर के रणनीतिक महत्व से भी जुड़ गया है।

भारत ने तीस्ता बैराज परियोजना (Teesta Barrage Project–TBP) के पुनरुद्धार और प्रबंधन का आकलन करने के लिए एक 12 सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति गठित की है। समिति की अध्यक्षता केंद्रीय जल आयोग (CWC) के अध्यक्ष करेंगे और इसमें सिक्किम तथा पश्चिम बंगाल के वरिष्ठ अधिकारियों का प्रतिनिधित्व होगा। समिति को जल की उपलब्धता, वर्तमान उपयोग, भविष्य की मांग, बैराज एवं संबंधित बुनियादी ढांचे की स्थिति तथा नदी की वहन क्षमता का अध्ययन करना है। यह पहल तीस्ता बेसिन के समेकित जल संसाधन प्रबंधन की दिशा में महत्वपूर्ण है।

समिति के अध्ययन का दायरा

समिति केवल बैराज की तकनीकी स्थिति का अध्ययन नहीं करेगी, बल्कि पूरे जल-प्रबंधन तंत्र का मूल्यांकन करेगी। इसमें जल उपलब्धता, मौसमी प्रवाह, गाद जमाव (siltation), नदी चैनल की क्षमता, जल निकासी व्यवस्था, भंडारण क्षमता और अपस्ट्रीम इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं। साथ ही, वर्तमान एवं भविष्य की जल मांग का आकलन किया जाएगा। इससे कृषि, सिंचाई, पेयजल, जलविद्युत और पारिस्थितिक आवश्यकताओं के बीच संतुलन बनाने में मदद मिल सकती है।

जलवायु परिवर्तन और तीस्ता बेसिन की पारिस्थितिक संवेदनशीलता

हिमालयी नदी होने के कारण तीस्ता बेसिन जलवायु परिवर्तन और चरम मौसम की घटनाओं के प्रति संवेदनशील है। वर्षा के पैटर्न में बदलाव, ग्लेशियरों एवं हिमपात में परिवर्तन, अचानक बाढ़, भूस्खलन और नदी प्रवाह में अत्यधिक उतार-चढ़ाव जल संसाधन प्रबंधन को प्रभावित कर सकते हैं। इसलिए समिति का Climate Resilience पर ध्यान महत्वपूर्ण है। आधुनिक नदी प्रबंधन में केवल बाढ़ नियंत्रण नहीं, बल्कि ecosystem-based management, disaster risk reduction और basin-level planning को भी शामिल करना आवश्यक है।

भारत-बांग्लादेश के लिए तीस्ता का महत्व

तीस्ता नदी सिक्किम से निकलकर पश्चिम बंगाल होते हुए बांग्लादेश में प्रवेश करती है, इसलिए यह एक महत्वपूर्ण transboundary river है। दोनों देशों के लिए इसका महत्व कृषि, सिंचाई, आजीविका और बाढ़ प्रबंधन से जुड़ा है। विशेष रूप से बांग्लादेश के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में तीस्ता कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण है। इसी कारण तीस्ता जल-वितरण लंबे समय से भारत-बांग्लादेश संबंधों का संवेदनशील विषय रहा है। भारत में पश्चिम बंगाल की जल आवश्यकताओं और बांग्लादेश की downstream requirements के बीच संतुलन एक प्रमुख चुनौती है।

चीन की बढ़ती भूमिका और रणनीतिक आयाम

तीस्ता का मुद्दा अब केवल जल संसाधन प्रबंधन तक सीमित नहीं है। 2026 में बांग्लादेश ने तीस्ता नदी के Comprehensive Management and Restoration Project में चीन की तकनीकी एवं आर्थिक भागीदारी की मांग की है। जून 2026 में बांग्लादेश और चीन के बीच तीस्ता सहित नदी प्रबंधन, बाढ़ नियंत्रण, कटाव रोकने, सिंचाई और अंतर्देशीय जल परिवहन में सहयोग बढ़ाने पर सहमति बनी।

भारत के लिए इसका रणनीतिक महत्व इसलिए भी बढ़ जाता है क्योंकि तीस्ता बेसिन सिलीगुड़ी कॉरिडोर (Chicken's Neck) के निकट स्थित है। अतः भारत को तीस्ता के संदर्भ में जल कूटनीति, पड़ोसी देशों के साथ संबंध, राष्ट्रीय सुरक्षा और पर्यावरणीय स्थिरता—इन सभी पहलुओं को साथ लेकर चलना होगा।

UPSC के लिए व्यापक महत्व

तीस्ता मुद्दा UPSC के GS Paper-I, GS Paper-II और GS Paper-III तीनों से जोड़ा जा सकता है। GS-I में यह हिमालयी नदियों और भौगोलिक प्रक्रियाओं, GS-II में भारत-बांग्लादेश संबंध एवं जल कूटनीति, तथा GS-III में जल संसाधन प्रबंधन, बाढ़, जलवायु परिवर्तन और आपदा प्रबंधन से संबंधित है। समाधान के लिए भारत को Integrated River Basin Management, real-time hydrological data sharing, climate-resilient infrastructure, ecological flow और cooperative federalism पर जोर देना चाहिए। तीस्ता का दीर्घकालिक समाधान केवल पानी के बंटवारे से नहीं, बल्कि साझा नदी-बेसिन के सतत और वैज्ञानिक प्रबंधन से संभव है। भारत की संसदीय विदेश मामलों की समिति ने भी तीस्ता के संदर्भ में अद्यतन हाइड्रोलॉजिकल डेटा, जलवायु परिवर्तन के अनुमानों और न्यायसंगत एवं सतत जल उपयोग की आवश्यकता पर बल दिया है।

Was this helpful? Tap a star to rate

Practice this topic

Test yourself on what you just read.

18 अगस्त 2026 Hindi Current Affairs Quiz | दैनिक करेंट अफेयर्स प्रश्नोत्तरी

18 अगस्त 2026 की हिंदी करंट अफेयर्स ऑनलाइन टेस्ट क्विज़ के साथ अपनी परीक्षा की तैयारी को मज़बूत करें। यह दैनिक क्विज़ राष्ट्रीय मामलों, अंतर्राष्ट्रीय घटनाओं,…

हिंदी 8 MCQs 10 min 2026-08-18
29 जुलाई 2026 Hindi Current Affairs Quiz | दैनिक करेंट अफेयर्स प्रश्नोत्तरी

29 जुलाई 2026 की हिंदी करंट अफेयर्स ऑनलाइन टेस्ट क्विज़ के साथ अपनी परीक्षा की तैयारी को मज़बूत करें। यह दैनिक क्विज़ राष्ट्रीय मामलों, अंतर्राष्ट्रीय घटनाओं,…

हिंदी 8 MCQs 10 min 2026-07-29
23 जुलाई 2026 Hindi Current Affairs Quiz | दैनिक करेंट अफेयर्स प्रश्नोत्तरी

23 जुलाई 2026 की हिंदी करंट अफेयर्स ऑनलाइन टेस्ट क्विज़ के साथ अपनी परीक्षा की तैयारी को मज़बूत करें। यह दैनिक क्विज़ राष्ट्रीय मामलों, अंतर्राष्ट्रीय घटनाओं,…

हिंदी 8 MCQs 10 min 2026-07-23
18 अगस्त 2026 Hindi Current Affairs One Liners | दैनिक GK वन लाइनर

18 अगस्त 2026 की सबसे महत्वपूर्ण खबरों को त्वरित वन-लाइनर प्रश्न-उत्तर प्रारूप में दोहराएँ। UPSC, SSC, IBPS, SBI PO, RBI, RRB, राज्य PSC और रक्षा परीक्षाओं के…

हिंदी 10 points 2026-08-18
29 जुलाई 2026 Hindi Current Affairs One Liners | दैनिक GK वन लाइनर

29 जुलाई 2026 की सबसे महत्वपूर्ण खबरों को त्वरित वन-लाइनर प्रश्न-उत्तर प्रारूप में दोहराएँ। UPSC, SSC, IBPS, SBI PO, RBI, RRB, राज्य PSC और रक्षा परीक्षाओं के…

हिंदी 10 points 2026-07-29

Related Reading

All →

Discussion

Advertisement
Comments containing links are held for review before they appear.
No comments yet. Be the first to start the discussion.
ssc cgl mock test

Get daily current affairs alerts

You can unsubscribe anytime later.